2014 से RTI लगातार कमज़ोर की जा रही है,देश के लोकतांत्रिक ढांचे पर आघात
० संवाददाता द्वारा ० जून 2024 तक देशभर के 29 आयोगों में लगभग 4,05,000 अपीलें और शिकायतें लंबित थी- जो 2019 की तुलना में लगभग दोगुनी हैं। नवंबर 2024 तक केवल केंद्रीय सूचना आयोग मेंही लगभग 23,000 लंबित मामले हैं। जब आरटीआई के माध्यम से प्रधानमंत्री के विदेषी दौरों पर हुए करोड़ों रुपये के खर्च, कोविड महामारी के दौरान ऑक्सीजन की कमी से हुई मौतों की वास्तविक संख्या या पीएम केयर्स फण्ड के उपयोग से जुड़ी जानकारी मांगी गई, तो कोई जवाब नहीं दिया गया। जयपुर। राजस्थान प्रदेष कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष गोविन्द सिंह डोटासरा तथा नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली द्वारा आरटीआई एक्ट लागू होने के 20 वर्ष पूर्ण होने पर कहा कि डॉ. मनमोहन सिंह के नेतृत्व वाली यूपीए सरकार और सोनिया गांधी के दूरदर्शी नेतृत्व में 12 अक्टूबर 2005 को ऐतिहासिक सूचना का अधिकार (RTI) अधिनियम अस्तित्व में आया। यह यूपीए सरकार के अधिकार-आधारित एजेंडा की पहली कड़ी थी, जिसमें मनरेगा (2005), वन अधिकार अधिनियम (2006), शिक्षा का अधिकार (2009), भमि अधिग्रहण मेंउचित मुआवज़ा का अधिकार अधिनियम (2013) और राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (...