वांगचुक की गिरफ्तारी के विरोध में जयपुर के अल्बर्ट हॉल पर प्रदर्शन

० आशा पटेल ० 
जयपुर। लद्दाखी जनता को उसके नागरिक अधिकार दिलाने के साथ वहां के पर्यावरण की रक्षा की लड़ाई लड़ रहे सोनम वांगचुक को तुरन्त रिहा करने और उन पर नेशनल सिक्योरिटी एक्ट में दर्ज मुकदमे को हटाने की मांग को लेकर बड़ी संख्या में नागरिकों ने जयपुर के अल्बर्ट हॉल पर प्रदर्शन किया ।

जयपुर नागरिक मंच सहित अन्य सामाजिक संगठनों की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम में शामिल हुए नागरिक अधिकारों के लिए लड़ने वाले लोग, तख्तियों पर सोनम वांगचुक को रिहा करो, लद्दाख के गांधी को रिहा करो, तानाशाही नहीं चलेगी और लद्दाख को राज्य का दर्जा दो, जैसे नारे लगा रहे थे।

राज्य के पूर्व महाधिवक्ता गिरधारी सिंह बापना ने बताया कि, लद्दाख के लिए लड़ने वाले वांगचुक को केन्द्र सरकार ने झूठे आरोप लगाकर 26 सितम्बर से जोधपुर जेल में बंद कर रखा है। बापना ने कहा कि, वांगचुक का पूरा जीवन शिक्षा, पर्यावरण और नागरिक अधिकारों के लिए अहिंसक संघर्ष का है। स्वयं केन्द्र सरकार और सत्तारूढ़ दल के नेता समय - समय पर उनका सहयोग लेकर उनकी सराहना करते रहे हैं।

 वे लद्दाख को राज्य का दर्जा और छठी अनुसूची की जिन मांगों के लिए संघर्ष कर रहे हैं, वे भी छह साल पहले स्वयं केन्द्र द्वारा किए वादे पर आधारित हैं। बापना ने वांगचुक की रिहाई और उन पर लगाई एनएसए की धाराएं तुरन्त हटाने की मांग दोहराई।

राजस्थान लोकसेवा आयोग के पूर्व अध्यक्ष बृजमोहन शर्मा, नशाबंदी समिति के अध्यक्ष धर्मवीर कटेवा, गौ सेवा संघ दुर्गापुरा के अध्यक्ष हनुमान नायला, प्रोफेसर रंजुला जैन और ध्यान सिंह गोठवाल सहित कुणाल रावत, असीम खान, संजय बापना, कुसुम जैन, सरदार मनमोहन सिंह, और विशंभर नायला आदि ने भी प्रदर्शन में शिरकत की। 

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