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आकाश इंस्टीट्यूट ने डब्ल्यूबीसीएचएसई स्टूडेंट्स के लिए स्पेशलाइज्ड एकेडमिक प्रोग्राम लॉन्च किए

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० संवाददाता द्वारा ०  कोलकाता : आकाश इंस्टीट्यूट ने आज अपने स्पेशलाइज्ड एकेडमिक प्रोग्राम लॉन्च करने की घोषणा की है, जो खास तौर पर वेस्ट बंगाल काउंसिल ऑफ हायर सेकेंडरी एजुकेशन (डब्ल्यूबीसीएचएसई) के स्टूडेंट्स के लिए डिज़ाइन किया गया है। इस पहल का मकसद स्टूडेंट्स को नए सेमेस्टर-बेस्ड सिस्टम के तहत बदलते एकेडमिक स्ट्रक्चर में आसानी से ढलने में मदद करना और नीट, डब्ल्यूबीजी जैसे कॉम्पिटिटिव एग्जाम की तैयारी भी कराना है। इस प्रोग्राम का कॉन्सेप्ट स्टूडेंट्स और पेरेंट्स से मिले फीडबैक के आधार पर तैयार किया गया, जो नए चार-सेमेस्टर फ्रेमवर्क को समझने और स्ट्रक्चर्ड एकेडमिक सपोर्ट पाने की मांग कर रहे थे। आकाश इंस्टीट्यूट के डायरेक्टर, श्री तिलक राज खेमका, ने डब्ल्यूबीसीएचएसइ स्टूडेंट्स की एकेडमिक और कॉम्पिटिटिव जरूरतों के हिसाब से एक लर्निंग इकोसिस्टम बनाने की पहल का नेतृत्व किया। 37 वर्षों के अनुभव और एकेडमिक एक्सीलेंस के साथ, आकाश इंस्टीट्यूट का यह प्रोग्राम स्टूडेंट्स को बोर्ड और एंट्रेंस एग्जाम दोनों में कॉन्सेप्चुअल समझ और तैयारी मजबूत करने में मदद करता है। रिवाइज़्ड डब्लूबीसीएचएस...

जियो-शिक्षा का स्मार्ट क्लास रूम : स्कूल बैग का बोझ होगा कम

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० संवाददाता द्वारा ०  नई दिल्ली : इंडिया AI इम्पैक्ट समिट में लगे जियो पवेलियन पर जियो-शिक्षा क्लासरूम खास तौर पर पेरेंट्स और स्टूडेंट्स का ध्यान खींच रहा है। यह सिर्फ एक टेक डेमो नहीं, बल्कि पढ़ाई के तौर-तरीकों को बदलने की एक गंभीर कोशिश के रूप में सामने आया है। भारत में करीब 25 करोड़ छात्र पारंपरिक तरीकों से पढ़ाई कर रहे हैं। जियो-शिक्षा मॉडल का विज़न है कि आने वाले समय में स्कूलों को “AI पॉवर्ड लर्निंग हब्स में बदला जा सके। जियो-शिक्षा क्लासरूम के दो बुनियादी स्तंभ हैं, जियो ई-बोर्ड और जियो ई-बुक। दोनों क्लाउड के जरिए जुड़े हैं। शिक्षक बोर्ड पर जो पढ़ाते हैं, वही कंटेंट सीधे विद्यार्थियों की ई-बुक तक पहुंच जाता है। इससे न नोट्स कॉपी करने का झंझट रहता है और न ही भारी किताबों का बोझ। ई-बुक में न सिर्फ पाठ्यपुस्तकें, बल्कि उनसे जुड़े वीडियो, क्विज़ और अतिरिक्त अध्ययन सामग्री भी उपलब्ध रहती है। यानी ब्लैकबोर्ड, किताबें, होमवर्क नोट्स और स्टडी मटीरियल, सब एक डिजिटल इकोसिस्टम में, एक क्लिक पर उपलब्ध। पढ़ाई का असर तभी गहरा होता है जब छात्र अपनी गति और अपने समय के अनुसार सीख सकें। जियो-...

गुजरात और राजस्थान के 22 जिलों से अरावली संरक्षण यात्रा जयपुर पहुँची

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० आशा पटेल ०  जयपुर । चार राज्यों में फैली 700 किमी लंबी अरावली श्रृंखला को पार करती हुई अरावली संरक्षण यात्रा जयपुर पहुँची। अरावली विरासत जन अभियान की सदस्य नीलम आहलूवालिया ने कहा “हमने यह यात्रा 24 जनवरी को गुजरात के अरावली जिले के मेघराज से शुरू की थी। इसका उद्देश्य अरावली पर्वतमाला की गोद में रहने वाले ग्रामीण समुदायों के साथ संवाद स्थापित करना था—उनकी समस्याओं को समझना, अरावली संरक्षण पर उनके विचार जानना तथा यह चर्चा करना कि क्या खनन के उद्देश्य से अरावली की एक समान (यूनिफॉर्म) परिभाषा होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि हमने गुजरात के अरावली, बनासकांठा और साबरकांठा जिलों तथा राजस्थान के सिरोही, उदयपुर, डूंगरपुर, बांसवाड़ा, प्रतापगढ़, चित्तौड़गढ़, ब्यावर, राजसमंद, पाली, अजमेर, भीलवाड़ा, बूंदी, टोंक, सवाई माधोपुर, करौली, धौलपुर, खैरथल-तिजारा, डीग और भरतपुर जिलों के अनेक जमीनी स्तर के लोगों से मुलाकात की। हमें ग्रामीणों ने बताया कि पशु-चराई, कृषि, औषधीय पौधों के उपयोग आदि के लिए वे अरावली की अच्छी सेहत पर निर्भर हैं। ग्रामीण समुदायों ने पिछले कुछ दशकों में खनन के कारण हुए पर्यावरणी...

सुरेश ज्ञानविहार विश्व विद्यालय में शेफ प्रतियोगिता के तहत आयोजित हुई "बिरयानी प्रतियोगिता"

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० आशा पटेल ०   जयपुर। सुरेश ज्ञान विहार विश्वविद्यालय में वर्ष 2026 के अंतर्गत आयोजित शेफ प्रतियोगिता के तहत “बिरयानी प्रतियोगिता 2026” संपन्न हुई। इस कार्यक्रम का उद्घाटन विश्वविद्यालय के प्रेसिडेंट डॉ. अरुणांशु हल्दार (वाइस चांसलर) सुरेश ज्ञान विहार विश्वविद्यालय के निर्देशन में किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों की पाक-कला प्रतिभा को मंच प्रदान करना तथा उन्हें क्यूलिनरी क्षेत्र में प्रोत्साहित करना रहा। कार्यक्रम का शुभारंभ शेफ समीर गुप्ता ,रेडिसन ब्लू जयपुर के महाप्रबंधक नितिन कपूर, शेफ गुलशन तथा मैरियट होटल के शेफ नितिन द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ किया गया।प्रतियोगिता में विभिन्न छात्र टीमों ने भाग लेकर अपनी विशेष बिरयानी प्रस्तुत की। व्यंजनों का मूल्यांकन पंचसितारा होटल उद्योग से जुड़े विशेषज्ञ निर्णायकों द्वारा किया गया, जिनमें डॉ. शेफ बाला एवं शेफ देवेंद्र मुख्य निर्णायक के रूप में उपस्थित रहे। कड़े मुकाबले के पश्चात ज्ञान विहार विश्वविद्यालय की टीम ने प्रथम स्थान प्राप्त कर विजेता ट्रॉफी अपने नाम की। इस अवसर पर प्राचार्य डॉ. संदीप सक्सेना ने कहा कि इस प्रकार...