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फ़रवरी 19, 2026 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

इंडिया AI इम्पैक्ट समिट में जियो ने रखा ‘नेशन-फर्स्ट AI स्टैक’ का खाका

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० संवाददाता द्वारा ०  नई दिल्ली: इंडिया AI इम्पैक्ट समिट में जियो ने अपने ‘नेशन-फर्स्ट AI स्टैक’ की रूपरेखा पेश की। कंपनी तकनीकी रूप से इसे ‘जियो AI स्टैक’ नाम देती है और दावा करती है कि इसे भारत की जरूरतों और बड़े पैमाने की मांग को ध्यान में रखकर विकसित किया जा रहा है। जियो इंटेलिजेंस के तहत विकसित किया जा रहा यह स्टैक केवल डेटा सेंटर तक सीमित नहीं है, बल्कि एक फुल-स्टैक AI इकोसिस्टम के रूप में तैयार किया जा रहा है। ‘जियो AI स्टैक’ में गीगावॉट स्तर के ग्रीन डेटा सेंटर, उच्च क्षमता वाली कंप्यूटिंग व्यवस्था, प्लेटफॉर्म और फ्रेमवर्क, भारतीय भाषाओं पर आधारित डेटा फाउंडेशन, बहुभाषी इंटेलिजेंस लेयर और विभिन्न क्षेत्रों के लिए एप्लिकेशन शामिल हैं। देश में मल्टी-गीगावॉट AI डेटा सेंटर विकसित किए जा रहे हैं, जो 100% ग्रीन एनर्जी से संचालित होंगे, ताकि राष्ट्रीय स्तर की टिकाऊ AI क्षमता तैयार की जा सके। ‘जियो AI स्टैक’ को एक ‘सॉवरेन’ AI इकोसिस्टम के रूप में प्रस्तुत किया गया है, यानी ऐसा ढांचा जो देश में विकसित हो और राष्ट्रीय आवश्यकताओं के अनुरूप संचालित हो। कंपनी का कहना है कि इसके जरिए स्व...

महिंद्रा एक्सीलेंस इन थिएटर अवॉर्ड्स (मेटा)10 उत्कृष्ट नाटकों का चयन

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० योगेश भट्ट ०  नई दिल्ली: भारतीय रंगमंच के प्रतिष्ठित पुरस्कार और फ़ेस्टिवल माने जाने वाले महिंद्रा एक्सीलेंस इन थिएटर अवॉर्ड्स (मेटा) का 21वाँ संस्करण 19 से 25 मार्च तक दिल्ली में आयोजित किया जाएगा। महिंद्रा समूह द्वारा स्थापित और टीमवर्क आर्ट्स द्वारा प्रतिवर्ष निर्मित मेटा ने 2026 के लिए 13 श्रेणियों में नामांकित शीर्ष 10 नाटकों की घोषणा कर दी है। इन नाटकों का मंचन नई दिल्ली में एक सप्ताह तक किया जाएगा। पुरस्कार विजेताओं की घोषणा 25 मार्च को कमानी ऑडिटोरियम में आयोजित की जाएगी। इससे पहले के दिनों में कमानी ऑडिटोरियम और श्रीराम सेंटर में प्रतिदिन दो नाटकों का मंचन होगा। इस वर्ष चयनित नाटक सामाजिक सरोकारों, नई कथा-शैली, पौराणिक आख्यानों के पुनर्पाठ, पहचान, लिंग और वर्ग से जुड़े रूढ़िगत ढाँचों को चुनौती देने तथा हाशिये की आवाज़ों को मंच देने जैसे विषयों पर केंद्रित हैं। वर्ष 2026 के लिए मेटा को कुल 422 प्रविष्टियाँ प्राप्त हुईं, जो इसके इतिहास में अब तक की सबसे अधिक संख्या है। ये प्रविष्टियाँ देश भर के विभिन्न शहरों, रंगमंच परंपराओं और प्रस्तुति शैलियों का प्रतिनिधित्व करती ह...

EPCH स्प्रिंग दिल्ली मेले में 12 श्रेणियों में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शक सम्मानित

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० आशा पटेल ०  नयी दिल्ली | हस्तशिल्प निर्यात संवर्धन परिषद (ईपीसीएच) ने ग्रेटर नोएडा के इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में आयोजित 61वां आईएचजीएफ दिल्ली मेला – स्प्रिंग 2026 एक समारोह के साथ संपन्न हुआ, इसमें मुख्य अतिथि शालिनी राजपूत, अध्यक्ष, हस्तशिल्प विकास बोर्ड, छत्तीसगढ़ की उपस्थिति में पुरस्कार वितरित किए गए।  उन्होंने आईएचजीएफ दिल्ली मेला-स्प्रिंग 2026 में 12 उत्पाद श्रेणियों में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए पुरस्कार प्रदान किए । इस अवसर पर डॉ. नीरज खन्ना, अध्यक्ष, ईपीसीएच; ईपीसीएच के महानिदेशक की भूमिका में मुख्य संरक्षक और आईईएमएल के अध्यक्ष डॉ. राकेश कुमार; सागर मेहता, उपाध्यक्ष, ईपीसीएच; प्रशासनिक समिति के सदस्य अवधेश अग्रवाल, के. एन. तुलसी राव, राजेश जैन, सलमान आज़म, वरुण शर्मा, रशिम दुग्गल, मोहम्मद जुनैद,  सिमरन दीप सिंह कोहली; राजेश रावत, एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर, ईपीसीएच के कार्यकारी निदेशक राजेश रावत की उपस्थिति रही । इस मौके पर दिल्ली मेले में उत्तर प्रदेश सरकार के फिल्म डेवलपमेंट काउंसिल के वाइस प्रेसिडेंट तरुण राठी और फिल्म डायरेक्टर और प्रोड्यूसर अनिल शर्म...

भारत - अमेरिका ट्रैड डील किसानों की बर्बादी का समझौता - डा० ओमप्रकाश

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० आशा पटेल ०  हलैना / भरतपुर । भरतपुर के कस्वा हलैना में आयोजित किसान सम्मेलन में जहाँ इआरसीपी को केन्द्र सरकार से तुरन्त राष्ट्रीय परियोजना घोषित कर सूखी पड़ी वाणगंगा नदी में पानी लाने की हुई माँग वही केन्द्र सरकार द्वारा भारत - अमेरिका के बीच मोदी सरकार ने दबाब में आकर किये व्यापारिक समझौता ट्रैड़ डील को किसान मजदूर और छोटे व्यापारियों को बर्बाद करने बाला समझौता बताया । जबकि उपस्थित नेताओं और किसानों ने भरतपुर और डीग जिलो को एनसीआर से बाहर करने की माँग की । किसान पंचायत के राष्ट्रीय अध्यक्ष रामपाल जाट ने कहा कि केन्द्र सरकार अमेरिका के दबाब में है और अपने उद्योगपति साथियों को बचाने के लिये भारत की खेती किसानी को बर्बाद करना चाहती है | इस ट्रैड डील के बाद तो कपास ' मक्का ' सोयाबीन ' सेब ' पशुपालन से सम्बन्धित उत्पादक किसान बर्बाद हो जायेगा जबकि अन्य उत्पाद में सभी किसान तवाह हो जायेंगे । उन्होंने कहा कि शून्य कर पर अमेरिका का उत्पाद हमारे यहाँ सस्ता पड़ेगा फिर हमारे किसानों का क्या होगा । हमारे उत्पादों पर 18% टेरिफ जब लगेगा तो हमारा उत्पाद कौन खरीदेगा । हरियाणा की धनक...