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डीपफेक और भ्रामक सूचना लोकतंत्र के लिए खतरा है : लोक सभा अध्यक्ष

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० पूजा शर्मा ०  नयी दिल्ली : लोक सभा अध्यक्ष ने डीपफेक और भ्रामक सूचना से उत्पन्न हो रही चुनौतियों की ओर ध्यान आकर्षित किया। इन्हें लोकतंत्र के लिए गंभीर खतरा बताते हुए उन्होंने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) का उपयोग सत्य और विश्वसनीयता को सुदृढ़ करने के लिए किया जाना चाहिए, न कि तथ्यों को विकृत या दबाने के लिए। उन्होंने लोकतांत्रिक विमर्श को भ्रम और दुष्प्रचार से सुरक्षित रखने के लिए तकनीकी प्रगति के साथ सुदृढ़ सुरक्षा उपाय विकसित करने की आवश्यकता पर बल दिया। भारत मंडपम में आयोजित इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट के अंतर्गत “एआई फॉर डेमोक्रेसी” पर बिरला ने कहा कि एआई में लोकतंत्र को अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और जन -केंद्रित बनाने की अपार क्षमता है। उन्होंने कहा कि राष्ट्र का मार्गदर्शक सिद्धांत सदैव “सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय” रहा है और भारत अपने शाश्वत सभ्यतागत मूल्यों के अंतर्गत वैश्विक कल्याण की भावना के साथ कार्य करता है। विधायी कार्यप्रणाली में प्रौद्योगिकी की परिवर्तनकारी भूमिका का उल्लेख करते हुए लोक सभा अध्यक्ष ने कहा कि एआई लोकतांत्रिक संस्थाओं को सुदृढ़ करने का एक महत्वपूर्ण सा...

जागरूकता ही साइबर अपराध से बचाव का प्रभावी कवच : मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

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० आशा पटेल ०  जयपुर। सर्वोच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत ने कहा कि डिजिटल क्रांति ने अपार सुविधाएँ प्रदान की हैं तथा इससे शासन, सेवाएँ और संवाद पहले से कहीं अधिक सुलभ हुए हैं। परंतु इसके दुरुपयोग से होने से चुनौतियां उत्पन्न होती है। ऐसी स्थिति में साइबर सुरक्षा केवल बैंक खातों की सुरक्षा नहीं, बल्कि संस्थागत विश्वास की रक्षा का भी विषय बन गई है। उन्होंने विश्वास व्यक्त करते हुए कहा कि न्यायपालिका अपनी भूमिका निभाने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी, ताकि इस खतरे को देश से समाप्त किया जा सके। जस्टिस सूर्यकांत राजस्थान इंटरनेशनल सेंटर (आरआईसी) में ‘साइबर सुरक्षा- जागरूकता, संरक्षण एवं न्याय तक समावेशी पहुंच’ विषय पर आयोजित राष्ट्रीय सम्मेलन के उद्घाटन समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि “डिजिटल अरेस्ट” जैसी कोई न्यायिक प्रक्रिया अस्तित्व में नहीं है। यह पूर्णतः धोखाधड़ी का मामला है। उन्होंने कहा कि दीर्घकालिक साइबर सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए नागरिक शिक्षा का एक अनिवार्य हिस्सा मानना होगा तथा इसके लिए सभी संस्थाओं को समन्वित साझेदारों की तरह मिलकर कार्य करना होगा।...

पत्रकारों के हितों का संरक्षण हो, उन्हें योजनाओं का लाभ मिले : गोपाल शर्मा

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० आशा पटेल ०  जयपुर। सिविल लाइंस विधायक गोपाल शर्मा ने विधानसभा परिसर में मीडिया से रूबरू होते हुए कहा कि विधानसभा में आज पत्रकार हितों से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों को प्रमुखता से उठाया गया। इस दौरान भीलवाड़ा से आने वाले सदस्य द्वारा पत्रकारों के अधिकारों, पत्रकारिता के विस्तार तथा प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया के सशक्तिकरण को लेकर व्यक्त किए गए विचारों का स्वागत एवं समर्थन करता हूं। उन्होंने राज्य सरकार से आग्रह किया कि पत्रकारों से संबंधित समस्याओं के समाधान हेतु एक उच्चस्तरीय समिति का गठन किया जाए, जो पत्रकार हितों के विभिन्न पहलुओं को गंभीरता से सुनकर उनके त्वरित निराकरण की दिशा में कार्य करें। यह भी रेखांकित किया कि वर्तमान समय में पत्रकार की परिभाषा केवल प्रिंट मीडिया तक सीमित नहीं रह गई है, बल्कि डिजिटल और अन्य उभरते माध्यमों से जुड़े पत्रकारों को भी समान रूप से मान्यता और संरक्षण मिलना चाहिए।  शर्मा ने यह चिंता भी व्यक्त की कि अधिस्वीकृत और गैर-अधिस्वीकृत पत्रकारों के बीच वर्षों से चली आ रही खाई कई वास्तविक पत्रकारों को योजनाओं के लाभ से वंचित कर देती है। उन्हों...

अद्भुत संगम बनेगा खाटूश्यामजी का फाल्गुनी मेला

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० आशा पटेल ०  जयपुर। राजस्थान के सीकर जिले में स्थित विश्वविख्यात तीर्थ खाटू श्याम जी मंदिर में 21 से 28 फरवरी तक आयोजित होने वाला फाल्गुनी मेला इस वर्ष आस्था, अनुशासन और आधुनिक प्रबंधन का अद्भुत संगम बनने जा रहा है। लगभग 35 लाख श्रद्धालुओं के आगमन के अनुमान के बीच पुलिस महानिदेशक राजीव कुमार शर्मा के निर्देशानुसार राजस्थान पुलिस, जिला प्रशासन और श्री श्याम मंदिर कमेटी,  खाटूश्याम धाम ने आपसी समन्वय से सुरक्षा, यातायात, दर्शन व्यवस्था और भीड़ प्रबंधन को लेकर व्यापक तैयारियां की हैं, ताकि हर भक्त सुरक्षित, सहज और श्रद्धामय अनुभव के साथ बाबा के दरबार तक पहुंच सके। इस वर्ष की रणनीतियों में तकनीकी नवाचार और श्रद्धालुओं के प्रबंधन पर विशेष जोर दिया गया है। रिंगस से खाटू तक 17 किलोमीटर लंबा विशेष पैदल कॉरिडोर तैयार किया गया है। यह पैदल मार्ग पूरी तरह वाहनों से मुक्त रहेगा और अनधिकृत प्रवेश पर सख्त रोक रहेगी। पूरे रास्ते में पेयजल, प्रकाश, शौचालय और विश्राम की सुविधाएं उपलब्ध होंगी, जबकि पुलिस बल की सतत निगरानी से सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी। यह कॉरिडोर न केवल भीड़ के सुव्यवस्थित प्रव...

असम राइफल्स ने दिल्ली में 'यूनिटी उत्सव 2.0' होस्ट किया

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० Yogesh Bhatt ०  बायीं दिल्ली : असम राइफल्स ने दिल्ली में 'यूनिटी उत्सव 2.0' होस्ट किया। यह एक बड़ा इवेंट था जिसमें राजधानी में पढ़ाई कर रहे आठ नॉर्थ-ईस्ट राज्यों के 1,000 से ज़्यादा स्टूडेंट्स एक साथ आए। मानेकशॉ सेंटर दिल्ली कैंट में हुए इस इवेंट ने नॉर्थ-ईस्ट के युवा टैलेंट को अलग-अलग फील्ड में अपनी खेल प्रतिभा, कॉम्पिटिटिव स्पिरिट और टीम वर्क दिखाने के लिए एक प्लेटफॉर्म दिया। इस पहल में न सिर्फ एथलेटिक परफॉर्मेंस, बल्कि एकता, डाइवर्सिटी और नेशनल इंटीग्रेशन का भी जश्न मनाया गया। इस मौके पर, असम राइफल्स के डायरेक्टर जनरल, विकास लखेरा ने विजेताओं को अवॉर्ड दिए और स्टूडेंट्स को देश बनाने के लिए अपनी एनर्जी और डेडिकेशन लगाने के लिए हिम्मत दी। उन्होंने युवाओं में कैरेक्टर, डिसिप्लिन और लीडरशिप बनाने में स्पोर्ट्स की अहमियत पर ज़ोर दिया। 'यूनिटी उत्सव 2.0' ने सच में एक भारत, श्रेष्ठ भारत की भावना को दिखाया, रिश्तों को मज़बूत किया और भारत के नॉर्थ-ईस्ट के युवाओं के वाइब्रेंट कल्चर और अपार पोटेंशियल का जश्न मनाया।

शिक्षा व समाज सेवा में योगदान के लिए डॉ.अनुभा पुंडीर सम्मानित

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० योगेश भट्ट ०  देहरादून। शिक्षा एवं समाज सेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाली प्रख्यात शिक्षाविद् डॉ.  अनुभा  पुंडीर को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विभिन्न प्रतिष्ठित सम्मानों से सम्मानित किया गया। डॉ.  अनुभा  पुंडीर को संयुक्त राष्ट्र द्वारा “कर्मवीर प्लेटिनम चक्र” सम्मान प्राप्त हो चुका है। इसके अतिरिक्त उन्हें SAARC द्वारा “नोबल सिटिजन अवॉर्ड” से भी सम्मानित किया गया है। काशी हिंदी विद्यापीठ, वाराणसी द्वारा उन्हें “विद्यासागर” (D.Litt.) की मानद उपाधि से सम्मानित किया गया। विगत 22 वर्षों से शैक्षणिक एवं कॉर्पोरेट क्षेत्र में सक्रिय डॉ.  अनुभा  पुंडीर वर्तमान में ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी, देहरादून के PDP विभाग में एसोसिएट प्रोफेसर के रूप में कार्यरत हैं। शिक्षा, व्यक्तित्व विकास, नेतृत्व प्रशिक्षण तथा भारतीय ज्ञान परंपरा के समन्वय में उनका योगदान विशेष रूप से सराहनीय माना जाता है। वे वयस्कों को प्राचीन वैदिक शैली पर आधारित काउंसलिंग एवं कोचिंग भी प्रदान करती हैं। उनका मार्गदर्शन भारतीय ज्ञान प्रणाली, ध्यान, मंत्रचिंतन एवं मूल्य-आ...

मुकेश अंबानी का एलान : डेटा की तरह सस्ती होगी AI, RIL करेगा ₹10 लाख करोड़ निवेश

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० संवाददाता द्वारा ०  नई दिल्ली : उद्योगपति मुकेश अंबानी ने इंडिया AI इम्पैक्ट समिट में ऐलान किया कि जिस तरह जियो ने देश में डेटा सस्ता किया, उसी तरह अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को भी आम भारतीय तक किफायती दरों पर पहुंचाया जाएगा। उन्होंने कहा कि “भारत इंटेलिजेंस किराये पर नहीं ले सकता” और जियो देश को इंटरनेट युग के बाद अब “इंटेलिजेंस एरा” से जोड़ेगा। इस दिशा में जियो और रिलायंस इंड्स्ट्रीज अगले सात वर्षों में ₹10 लाख करोड़ का निवेश करेंगे। अंबानी ने कहा कि यह निवेश भारत में मजबूत AI ढांचा खड़ा करने और आने वाले दशकों के लिए आर्थिक मजबूती सुनिश्चित करने के उद्देश्य से किया जाएगा। कंपनी जामनगर में मल्टी-गीगावॉट AI-रेडी डेटा सेंटर पार्क विकसित कर रही है। 2026 के अंत तक 120 मेगावॉट क्षमता शुरू करने का लक्ष्य है, जिसे आगे गीगावॉट स्तर तक बढ़ाया जाएगा। यह पूरा ढांचा ग्रीन एनर्जी पर आधारित होगा। साथ ही जियो अपने नेटवर्क के जरिए देशभर में ऐसी कंप्यूट क्षमता उपलब्ध कराएगा, जिससे AI सेवाएं कम लागत और तेज़ गति से लोगों, दुकानों, स्कूलों, अस्पतालों और खेतों तक पहुंच सकें। अंबानी ने कहा कि जियो AI ...

सूर्य किरण एरोबैटिक टीम एवं सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम का युवाओं से संवाद

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० आशा पटेल ०  जयपुर। भारतीय वायु सेना की ब्रांड एंबेसडर टीमों सूर्य किरण एरोबैटिक टीम और सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम ने जयपुर के युवाओं से संवाद कर उन्हें राष्ट्र सेवा, अनुशासन और उत्कृष्टता के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम हरिश्चन्द्र माथुर राजस्थान राज्य लोक प्रशासन संस्थान के भगवत सिंह मेहता सभागार में आयोजित हुआ, जिसमें एनसीसी कैडेट्स, विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राएं एवं मूक-बधिर विद्यार्थी उपस्थित रहे। टीम सदस्यों ने विद्यार्थियों को वायुसेना में करियर के अवसरों, कठोर प्रशिक्षण प्रक्रिया, टीमवर्क और समर्पण के महत्व से अवगत कराया। साथ ही 20 एवं 22 फरवरी को जल महल की पाल पर प्रस्तावित एयर शो की जानकारी साझा की। पायलटों ने कहा कि जयपुरवासियों के लिए यह अवसर भारतीय वायुसेना के साहस, सटीकता और अनुशासन को सजीव रूप में देखने का यादगार क्षण होगा। वर्ष 1996 में स्थापित सूर्य किरण एरोबैटिक टीम एशिया की एकमात्र नौ-विमान एरोबैटिक टीम है और विश्व की चुनिंदा टीमों में शामिल है। यह टीम लाल-सफेद रंग के आकर्षक Hawk Mk-132 जेट विमानों पर उड़ान भरते हुए लूप, बैरल रोल, उलटी उड़ान तथा लोकप्रि...

आरईसी लिमिटेड ने “पीएसयू में सर्वश्रेष्ठ सीएसआर प्रोजेक्ट्स” श्रेणी के तहत ग्लोबल सीएसआर एक्सीलेंस एंड लीडरशिप अवार्ड्स जीते

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० योगेश भट्ट ०  मुंबई :  आरईसी लिमिटेड, जो विद्युत मंत्रालय के तहत एक महारत्न सीपीएसई और एक प्रमुख एनबीएफसी है, को अपनी प्रमुख स्वास्थ्य सेवा पहल “डॉक्टर आपके दरवाजे” के लिए “पीएसयू में सर्वश्रेष्ठ सीएसआर परियोजनाओं” श्रेणी के तहत वैश्विक सीएसआर उत्कृष्टता और नेतृत्व पुरस्कारों से सम्मानित किया गया है यह कार्यक्रम ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों में प्राथमिक स्वास्थ्य सेवा पहुंच में सुधार लाने के उद्देश्य से है। यह अवॉर्ड आरईसी की तरफ से रीजनल ऑफिस मुंबई के चीफ प्रोग्राम मैनेजर आलोक सिंह और चीफ मैनेजर (सीएसआर) विशाल सुदेश ने वर्ल्ड सीएसआर डे पर ताज लैंड्स एंड, मुंबई में आयोजित ग्लोबल सीएसआर एक्सीलेंस एंड लीडरशिप अवार्ड्स के 15वें एडिशन के दौरान लिया। यह पहचान असरदार सामाजिक विकास में एक लीडिंग कंट्रीब्यूटर के तौर पर आरईसी की पोजीशन को और मज़बूत करती है। इस फाइनेंशियल ईयर में, आरईसी के सीएसआर कामों को कई अवॉर्ड मिले हैं, जिनमें एसोचैम सीएसआर और सस्टेनेबिलिटी अवॉर्ड 2024, इंडियन रेड क्रॉस सोसाइटी से सीएसआर अवॉर्ड ऑफ़ एप्रिसिएशन, और बेस्ट कॉर्पोरेट प्रमोटिंग स्पोर्ट्स – पब्लिक से...

इंडिया AI इम्पैक्ट समिट में जियो ने रखा ‘नेशन-फर्स्ट AI स्टैक’ का खाका

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० संवाददाता द्वारा ०  नई दिल्ली: इंडिया AI इम्पैक्ट समिट में जियो ने अपने ‘नेशन-फर्स्ट AI स्टैक’ की रूपरेखा पेश की। कंपनी तकनीकी रूप से इसे ‘जियो AI स्टैक’ नाम देती है और दावा करती है कि इसे भारत की जरूरतों और बड़े पैमाने की मांग को ध्यान में रखकर विकसित किया जा रहा है। जियो इंटेलिजेंस के तहत विकसित किया जा रहा यह स्टैक केवल डेटा सेंटर तक सीमित नहीं है, बल्कि एक फुल-स्टैक AI इकोसिस्टम के रूप में तैयार किया जा रहा है। ‘जियो AI स्टैक’ में गीगावॉट स्तर के ग्रीन डेटा सेंटर, उच्च क्षमता वाली कंप्यूटिंग व्यवस्था, प्लेटफॉर्म और फ्रेमवर्क, भारतीय भाषाओं पर आधारित डेटा फाउंडेशन, बहुभाषी इंटेलिजेंस लेयर और विभिन्न क्षेत्रों के लिए एप्लिकेशन शामिल हैं। देश में मल्टी-गीगावॉट AI डेटा सेंटर विकसित किए जा रहे हैं, जो 100% ग्रीन एनर्जी से संचालित होंगे, ताकि राष्ट्रीय स्तर की टिकाऊ AI क्षमता तैयार की जा सके। ‘जियो AI स्टैक’ को एक ‘सॉवरेन’ AI इकोसिस्टम के रूप में प्रस्तुत किया गया है, यानी ऐसा ढांचा जो देश में विकसित हो और राष्ट्रीय आवश्यकताओं के अनुरूप संचालित हो। कंपनी का कहना है कि इसके जरिए स्व...