डिज़ाइन जगत में क्यूम्युलस बोर्ड में अर्चना सुराना चुनी गईं

० आशा पटेल ० 
जयपुर। आर्च कॉलेज ऑफ़ डिज़ाइन एंड बिज़नेस, जयपुर की संस्थापक और निदेशक अर्चना सुराना को क्यूम्युलस एसोसिएशन के 2025–2028 कार्यकाल के लिए बोर्ड सदस्य के रूप में चुना गया। यह चुनाव फ्रांस के नांतेस शहर में आयोजित क्यूम्युलस नांतेस 2025 कांफ्रेंस के दौरान हुआ। अर्चना सुराना ने डिज़ाइन शिक्षा को भारतीय सोच और सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ते हुए उसे वैश्विक पहचान दिलाई है।क्यूम्युलस एसोसिएशन एक वैश्विक संस्था है, जो 71 देशों के 400 से अधिक आर्ट, डिज़ाइन और मीडिया संस्थानों को जोड़ती है। इसकी स्थापना 1990 में आल्टो यूनिवर्सिटी (फिनलैंड) और रॉयल कॉलेज ऑफ़ आर्ट (यूके) द्वारा की गई थी।
यह संस्था हर वर्ष दो बार अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन आयोजित कर डिज़ाइन शिक्षा और शोध को नया दृष्टिकोण देती है।अर्चना सुराना इससे पहले 2022 से 2025 तक क्यूम्युलस एसोसिएशन की वाइस प्रेसिडेंट रह चुकी हैं। वे लंबे समय से अंतरराष्ट्रीय मंचों पर “वुमन इन डिज़ाइन” जैसे विषयों पर नेतृत्व करती रही हैं और डिज़ाइन क्षेत्र में महिलाओं की भूमिका को सशक्त बनाने के लिए कार्य कर रही हैं।

इस अवसर पर अर्चना सुराना ने कहा “जयपुर मेरी जड़ है और मुझे गर्व है कि इसी मिट्टी से निकलकर मैं आज दुनिया के सबसे बड़े डिज़ाइन मंच पर भारत और अपने शहर का प्रतिनिधित्व कर रही हूँ। डिज़ाइन सिर्फ़ कला नहीं, एक सामाजिक परिवर्तन का माध्यम है। मेरा उद्देश्य है कि हमारे युवा वैश्विक सोच के साथ आगे बढ़ें और भारत का नाम ऊंचा करें।”

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

IFWJ के पत्रकारों का सिस्टम के विरुद्ध अनिश्चितकालीन धरना

ईद मिलन एवं सैफी सम्मान समारोह में दिखी एकता की मिसाल,संस्थाओं को किया गया सम्मानित

ईद मिलन एवं सैफी सम्मान समारोह 5 अप्रैल को दिल्ली में

स्वर्ण जयंती पर ‘उत्कर्ष’ अनुशासन, शिष्टाचार और उत्कृष्टता का संगम

फोर स्कूल ऑफ मैनेजमेंट ने सशक्त नारियों में सिलाई मशीन वितरित की

उत्तराखंडी फिल्म “कंडाली” का पोस्टर विमोचन समारोह दिल्ली में होगा आयोजित

असंगठित श्रमिकों के अधिकारों पर राष्ट्रीय मंथन,सामाजिक सुरक्षा को लेकर उठी आवाज

जयपुर बाल महोत्सव में 15 अप्रैल तक कर सकते है फ्री रजिस्ट्रेशन

30+ स्टार्टअप्स,एक विज़न : हेल्थ एक्सचेंज 2026 से हेल्थ इनोवेशन को नई दिशा

आर्च कॉलेज ऑफ डिज़ाइन का 26वाँ स्थापना दिवस : वूमेन शिल्पियों को एक्सीलेंस अवार्ड