पंचायत रीढ़ की हड्डी है इसके बिना विकास संभव नहीं

० आशा पटेल ० 
जयपुर। सिडार्ट, एच. एस. एफ. और अरावली के संयुक्त तत्वावधान में दो दिवसीय कार्यशाला जस्टिस जीएस होरा ने कार्यशाला में उपस्थित होकर कहा कि स्वास्थ्य पर पंचायतों में काम होना चाहिए और इस तरह की कार्यशाला बहुत लाभकारी है. कार्यशाला में श्रीमती गीतिका पांडे, जयपुर मैराथन के कार्यकारी अधिकारी मुकेश मिश्रा, आईएसटीडी निदेशक मुकेश व्यास भी उपस्थित रहे।

कार्यशाला में सिडार्ट के एक्सपर्ट अरावली की निदेशक वरुण शर्मा, श्रीमती सोनिया जौहरी, श्रीमती नीता परमार, ममता संस्था के अतिरिक्त निदेशक प्रवीण गोयल, हैदराबाद से टी. नागेंद्र स्वामी, करम संस्था की मुख्य कार्यकारी अधिकारी जयश्री परब, NIRDPR से श्रीधर सीतारमण, ग्राम विकास अधिकारी भंवर सिंह,  नवल शर्मा, सिडार्ट एक्सपर्ट श्रीमती बिनु धवन,सुश्री दीप्ति सिंह सहित बैनाड़ा सरपंच रमेश चंद्र महावर, 

बूड़थल सरपंच सरिता मीना, म्हारकला सरपंच मीनू सैनी, जाहोता सरपंच श्याम प्रताप सिंह राठौड़, बलिया जिले से प्रधान सुश्री स्मृति सिंह एवं विलेज वॉलिंटियर ममता देवी, आशा देवी, रजनी राठौड़, सहित सभी प्रतिभागियों ने पंचायती राज सशक्तिकरण कार्यक्रम को आगे बढ़ाने हेतु आगामी वर्षों में किए जाने वाली कार्य योजना के बारे में अपनी राय प्रस्तुत की। 

मुख्य अतिथि जस्टिस जी एस होरा, श्रीमती गीतिका पांडेय, डॉ प्रमिला संजया को मुकेश मिश्रा ने स्मृति चिन्ह के साथ सम्मानित किया। सिडार्ट की मानद सलाहकार डॉ प्रमिला संजया ने सभी प्रतिभागियों को धन्यवाद ज्ञापित किया।

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