दिल्ली के न्यू अशोक नगर में मनाया गया उत्तराखंड का लोक महापर्व उतरैणी-मकरैणी

० योगेश भट्ट ० 
नयी दिल्ली। दिल्ली के न्यू अशोकनगर में मकर संक्रांति के अवसर पर उत्तराखंड का पारंपरिक लोक महापर्व उतरैणी मकरैणी धूमधान से मनाया गया। श्री गुरु माणिक नाथ सर्वजन कल्याण समिति की ओर से कालीबाड़ी मंदिर में आयोजित इस समारोह में उत्तराखंड के मूल निवासियों को अपनी धार्मिक, सांस्कृतिक, सामाजिक पहचान से रूबरू होने का अवसर मिला। इस मौके पर उत्तराखंड के मशहूर गायकों, कलाकारों की प्रस्तुतियों के अलावा बच्चों और युवाओं ने पहाड़ों के लोकगीत, संगीत, नृत्य, नाटक आदि प्रस्तुत किए।
समिति के अध्यक्ष राजेन्द्र सिंह भंडारी ने बताया कि दिल्ली में उनका संगठन पिछले 9 वर्षों से इस महापर्व का आयोजन कर रहा है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में उतरैणी मकरैणी का बहुत महत्व है और पर्वतीय समाज अपने इस लोकपर्व को बड़ी धूमधाम से मनाता है। दिल्ली में इस त्योहार को मनाने का मकसद यहां रहने वाले उत्तराखंड के मूल निवासियों को अपनी सभ्यता, परंपरा, रीति-रिवाज और त्योहारों से जोड़ना है, ताकि उनकी आने वाली पीढ़ियां अपनी परंपराओं और रीति-रिवाज को भूले नहीं।

इस अवसर पर समाजसेवी अनिल कुमार पंत और विनोद बछेती मौजूद थे। इसके अलावा समिति के महासचिव महावीर सिंह पंवार, विजयराम भट्ट और अरविंदर सिंह रावत के अलावा बालम सिंह विष्ट, हरीश असवाल, पुरूषोतम चमोली, ममराज सिंह रावत, मंगल सिंह नेगी, दिगपाल कैन्चुरा, पूरण सिंह नेगी, विजयपाल सिंह भण्डारी, हनुमन्त सिंह विष्ट, अरविन्द्र सिंह रावत, रमेश पंवार और मातवर सिंह रावत उपस्थित रहे। आयोजन में उत्तराखंड एकता मंच, उत्तराखंड जनजागृति मंच, कुमांऊ जन मंडल और उत्तराखंड भातृमंडल ने भी महत्वपूर्ण योगदान दिया।

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

IFWJ के पत्रकारों का सिस्टम के विरुद्ध अनिश्चितकालीन धरना

ईद मिलन एवं सैफी सम्मान समारोह में दिखी एकता की मिसाल,संस्थाओं को किया गया सम्मानित

ईद मिलन एवं सैफी सम्मान समारोह 5 अप्रैल को दिल्ली में

स्वर्ण जयंती पर ‘उत्कर्ष’ अनुशासन, शिष्टाचार और उत्कृष्टता का संगम

फोर स्कूल ऑफ मैनेजमेंट ने सशक्त नारियों में सिलाई मशीन वितरित की

उत्तराखंडी फिल्म “कंडाली” का पोस्टर विमोचन समारोह दिल्ली में होगा आयोजित

असंगठित श्रमिकों के अधिकारों पर राष्ट्रीय मंथन,सामाजिक सुरक्षा को लेकर उठी आवाज

जयपुर बाल महोत्सव में 15 अप्रैल तक कर सकते है फ्री रजिस्ट्रेशन

लोकतंत्र के चौथे स्तंभ पर प्रहार के विरोध में IFWJ का ‘हल्ला बोल’ धरना

30+ स्टार्टअप्स,एक विज़न : हेल्थ एक्सचेंज 2026 से हेल्थ इनोवेशन को नई दिशा