बॉब द्वारा अंतर्राष्ट्रीय पर्यटकों हेतु UPI QR मर्चेंट नेटवर्क पर UPI ग्लोबल QR भुगतान शुरू
मुंबई, बैंक ऑफ़ बड़ौदा ने यूपीआई ग्लोबल रिवर्स एक्सेप्टेंस के शुभारंभ करने की घोषणा की, जो अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों, विदेशी भारतीयों और पात्र देशों के विदेशी वॉलेट/ भुगतान एप्लिकेशन उपयोगकर्ताओं को अपने घरेलू बैंकिंग या भुगतान एप्लिकेशन का उपयोग करके पूरे भारत में बैंक ऑफ़ बड़ौदा यूपीआई क्यूआर मर्चेन्ट पर आधारित तरीके से अंतरराष्ट्रीय क्यूआर भुगतान करने में सक्षम बनाता है।
बैंक ऑफ़ बड़ौदा के कार्यपालक निदेशक संजय मुदालियर ने कहा बैंक ऑफ़ बड़ौदा को यूपीआई ग्लोबल रिवर्स एक्सेप्टेंस की सुविधा की पेशकश करते हुए गर्व हो रहा है, जो सीमापार डिजिटल भुगतान को और अधिक सुलभ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। अंतरराष्ट्रीय आगंतुकों को भुगतान एप्लिकेशन, जिसका वे पहले से ही उपयोग करते हैं और जिनसे परिचित हैं, के माध्यम से मर्चेन्ट भुगतान करने में सक्षम बनाते हुए,
सर महाराजा सयाजीराव गायकवाड़ II द्वारा 20 जुलाई, 1908 को स्थापित, बैंक ऑफ़ बड़ौदा भारत के अग्रणी वाणिज्यिक बैंकों में से एक है। 63.97% हिस्सेदारी के साथ, यह प्रमुख रूप से भारत सरकार के स्वामित्व में है। बैंक पांच महाद्वीपों के 15 देशों में फैले लगभग 65,000 टच पॉइंट्स के माध्यम से और अपने विभिन्न डिजिटल बैंकिंग प्लेटफार्मों के माध्यम से 180 मिलियन से अधिक के अपने वैश्विक ग्राहक आधार को सेवा प्रदान करता है, जो सभी बैंकिंग उत्पादों और सेवाओं को निर्बाध और परेशानी मुक्त तरीके से प्रदान करते हैं।
बैंक के मर्चेंट नेटवर्क में अंतरराष्ट्रीय क्यूआर भुगतान स्वीकृति की सुविधा उपलब्ध करायेगी, जिससे अंतरराष्ट्रीय आगंतुकों के लिए भुगतान सुविधा बेहत्तर होगी और बैंक ऑफ़ बड़ौदा मर्चेंट्स को व्यापक ग्राहक आधार तक पहुंच मिल सकेगी। डिजिटल भुगतान के लिए वैश्विक इंटरऑपरेबिलिटी को सक्षम करने के एनपीसीआई इंटरनेशनल की सोच के अनुरूप, यूपीआई ग्लोबल रिवर्स एक्सेप्टेंस एनपीसीआई इंटरनेशनल के ग्लोबल पेमेंट्स इकोसिस्टम में भाग लेने वाले देशों के अंतरराष्ट्रीय आगंतुकों के लिए भारत में सीमा पार व्यक्ति-से-व्यापारी (पी2एम) लेनदेन की सुविधा प्रदान करेगा।
इनमें सिंगापुर, संयुक्त अरब अमीरात, नेपाल, भूटान, मॉरीशस, श्रीलंका, अमेरिका, कतर और फ्रांस जैसे प्रमुख अंतरराष्ट्रीय कॉरीडोर शामिल हैं। आगंतुक अपने देश के बैंकिंग या भुगतान एप्लिकेशन का उपयोग करके बैंक ऑफ़ बड़ौदा यूपीआई क्यूआर कोड को आसानी से स्कैन कर सकते हैं और तुरंत लेनदेन पूरा कर सकते हैं। यह नकद ले जाने या विदेशी मुद्रा का आदान-प्रदान करने की आवश्यकता को कम करेगा और भारत में यात्रा करते समय एक सुविधाजनक भुगतान प्रदान करेगा।
बैंक ऑफ़ बड़ौदा के कार्यपालक निदेशक संजय मुदालियर ने कहा बैंक ऑफ़ बड़ौदा को यूपीआई ग्लोबल रिवर्स एक्सेप्टेंस की सुविधा की पेशकश करते हुए गर्व हो रहा है, जो सीमापार डिजिटल भुगतान को और अधिक सुलभ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। अंतरराष्ट्रीय आगंतुकों को भुगतान एप्लिकेशन, जिसका वे पहले से ही उपयोग करते हैं और जिनसे परिचित हैं, के माध्यम से मर्चेन्ट भुगतान करने में सक्षम बनाते हुए,
हम अपने मर्चेंट्स के लिए व्यापार के नए अवसर पैदा करते हुए यात्रियों की सुविधा में वृद्धि कर रहे हैं। यूपीआई ग्लोबल रिवर्स एक्सेप्टेंस हमारे मर्चेंट अधिग्रहण फ्रेंचाइजी को सुदृढ़ करता है और नवाचार और वैश्विक स्तर पर इंटरऑपरेबल डिजिटल भुगतान इकोसिस्टम के निर्माण के लिए बैंक ऑफ़ बड़ौदा की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
सर महाराजा सयाजीराव गायकवाड़ II द्वारा 20 जुलाई, 1908 को स्थापित, बैंक ऑफ़ बड़ौदा भारत के अग्रणी वाणिज्यिक बैंकों में से एक है। 63.97% हिस्सेदारी के साथ, यह प्रमुख रूप से भारत सरकार के स्वामित्व में है। बैंक पांच महाद्वीपों के 15 देशों में फैले लगभग 65,000 टच पॉइंट्स के माध्यम से और अपने विभिन्न डिजिटल बैंकिंग प्लेटफार्मों के माध्यम से 180 मिलियन से अधिक के अपने वैश्विक ग्राहक आधार को सेवा प्रदान करता है, जो सभी बैंकिंग उत्पादों और सेवाओं को निर्बाध और परेशानी मुक्त तरीके से प्रदान करते हैं।
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