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9 अगस्त को विश्व शांति का संदेश लेकर 12 देशों के चार हजार रनर्स लगाएंगे दौड़

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० संवाददाता द्वारा ०  आबूरोड। मन में विश्व शांति का ऐसा संकल्प कि रनर्स को सरहदों की सीमाओं भी नहीं बांध पाईं। 8वीं दादी प्रकाशमणि आबू हॉफ मैराथन में 9 अगस्त को 12 देशों के चार हजार रनर्स आबूरोड से अरावली की पहाड़ियों से होते हुए माउंट आबू तक 21 किमी की दौड़ लगाएंगे। ब्रह्माकुमारीज़ संस्थान की पूर्व मुख्य प्रशासिका राजयोगिनी दादी प्रकाशमणि की 19वीं पुण्य स्मृति दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित इस हॉफ मैराथन में युवाओं से लेकर बुजुर्ग भाग ले रहे हैं। यह पहली बार है कि इस हॉफ मैराथन में आईएएस से लेकर डॉक्टर, इंजीनियर, शिक्षक, वकील, पुलिस जवान, बिजनेसमैन, गृहिणी और विद्यार्थी भाग ले रहे हैं। देश के अलग-अलग हिस्सों से सभी आयु वर्ग के रनर्स का मुख्यालय शांतिवन पहुंचना जारी है। इससे दिनभर रजिस्ट्रेशन का सिलसिला चलता रहा। 21.9 किमी की इस मैराथन की शुरुआत मनमोहिनीवन से 9 अगस्त को सुबह 5 बजे अतिथियों द्वारा हरी झंडी दिखाकर की जाएगी। मैराथन के संयोजक बीके सचिन भाई ने बताया कि दादी प्रकाशमणि का पूरा जीवन विश्व बंधुत्व की भावना के साथ विश्व शांति के लिए समर्पित रहा। उन्होंने आजीवन जन-जन को शांति का सं...

दुनिया के बड़े-बड़े ब्रांड देश के बुनकरों से मिला रहे हाथ - कर्नल राज्यवर्धन राठौड़

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० आशा पटेल ०  जयपुर। उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री कर्नल राज्यवर्धन राठौड़ ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने भारतीय हथकरघा उत्पादों को राष्ट्रीय ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी नई पहचान दिलाई है। प्रधानमंत्री स्वयं समय-समय पर देश के बुनकरों द्वारा तैयार किए गए वस्त्र धारण कर इस समृद्ध परंपरा और भारतीय संस्कृति को प्रोत्साहित करते हैं। कर्नल राठौड़ ने जवाहर कला केंद्र में राष्ट्रीय हथकरघा दिवस पर आयोजित राज्य स्तरीय समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि हाथ से बने प्रत्येक वस्त्र की अपनी अलग पहचान होती है और उसके प्रत्येक रेशे के साथ एक प्रेरक कहानी जुड़ी होती है। यही कारण है कि आज विश्व के प्रतिष्ठित ब्रांड भी भारतीय बुनकरों के साथ जुड़ रहे हैं। उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री ने युवाओं से आह्वान करते हुए कहा कि वे अधिक से अधिक हथकरघा वस्त्र पहनें तथा उनके निर्माण की पूरी प्रक्रिया, धागे से लेकर बुनाई और सिलाई तक की कहानी, सोशल मीडिया पर शेयर करें। इससे हथकरघा उत्पादों के प्रति जनजागरूकता बढ़ेगी और स्थानीय बुनकरों को भी प्रोत्साहन मिलेगा। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार द्वारा हस्तशिल...

कारीगरों एवं बुनकरों के लिए उद्यमिता,डिजाइन एवं उत्पाद विकास कार्यशाला का आयोजन

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० आशा पटेल ०  जोधपुर , राष्ट्रीय हथकरघा दिवस के अवसर पर, केंद्रीय ऊन विकास बोर्ड (CWDB) द्वारा एक्सपोर्ट प्रमोशन काउंसिल फॉर हैंडीक्राफ्ट्स (EPCH) के सहयोग से कारीगरों एवं बुनकरों के लिए "उद्यमिता, डिजाइन एवं उत्पाद विकास" पर एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि ईपीसीएच के पूर्व सीओए सदस्य एवं जोधपुर के निर्यातक हंसराज बाहेती, विशिष्ट अतिथि जी.एस. भाटी, कार्यकारी निदेशक, केंद्रीय ऊन विकास बोर्ड, महेंद्र दहिया, निफ्ट, जोधपुर; डॉ. गौरव वैद्य, आईआईटी, जोधपुर; डॉ. रुचिका डावर, निफ्ट, जोधपुर; तथा गोपाल शर्मा, क्षेत्रीय अधिकारी, ईपीसीएच की उपस्थिति रही। संबोधित करते हुए जी.एस. भाटी, कार्यकारी निदेशक, केंद्रीय ऊन विकास बोर्ड ने राष्ट्रीय हथकरघा दिवस के इतिहास एवं महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने उपस्थित कारीगरों एवं बुनकरों का स्वागत करते हुए उन्हें कौशल उन्नयन तथा सतत आजीविका के लिए उद्यमिता अपनाने हेतु प्रेरित किया। इसके पश्चात हंसराज बाहेती ने प्रतिभागियों को कार्यशाला का अधिकतम लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया तथा डिजिटल मार्केटिंग, साइबर जागरूकता एवं निरंतर ज्ञा...