हाई कोर्ट ड्राफ्टिंग और केस स्ट्रैटेजी में गेम-चेंजर साबित होगा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस : डॉ. आशीष खंडेलवाल
० आशा पटेल ० जयपुर। आधुनिक दौर में वकालत केवल पारंपरिक कानूनी ज्ञान तक सीमित नहीं है, बल्कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का सही और सुरक्षित उपयोग आज के वकीलों की कार्यकुशलता और ड्राफ्टिंग की गति को कई गुना बढ़ा सकता है। तकनीकी दक्षता के साथ की गई लीगल ड्राफ्टिंग मुकदमों के त्वरित और सटीक निस्तारण में मील का पत्थर साबित होगी। यह विचार तकनीक विशेषज्ञ और मुख्य वक्ता डॉ. आशीष खंडेलवाल ने आयोजित कार्यशाला में व्यक्त किए। विधिक पेशेवरों के लिए आयोजित इस 'एआई एवं लीगल ड्राफ्टिंग मास्टरक्लास' में गुणवत्तापूर्ण और व्यावहारिक प्रशिक्षण सुनिश्चित करने के उद्देश्य से केवल 50 अधिवक्ताओं को पूर्व रजिस्ट्रेशन के माध्यम से शामिल किया गया था। मुख्य वक्ता डॉ. आशीष खंडेलवाल ने 20-स्टेप हैंड्स-ऑन फ्रेमवर्क के माध्यम से अधिवक्ताओं को लाइव स्क्रीन पर कानूनी ड्राफ्टिंग की बारीकियां सिखाईं। उन्होंने बताया कि किस प्रकार आधुनिक एआई टूल्स की मदद से राजस्थान हाई कोर्ट के लिए मजबूत रिट पिटीशन्स, बेल एप्लीकेशन्स, अपील्स और जटिल लीगल नोटिस तैयार किए जा सकते हैं। डॉ. खंडेलवाल ने कहा कि एआई कभी भी किसी अधिवक्...